13/06/2021
स्वागतम-
मधुबन खुश्बु देता है.... 🌹🌹
बाग-बगीचों की रौनक- रंगीन,मनभावन छटाओं से
महकती फिजाओं से
और
चहकते पक्षियों से ही तो है.🌿शाम अचानक नजर पडी पंछियों के जोड़े पे जो अपनी सुंदर सी चोंच पे दाना लेकर आते और सुंदर से तराशे हुये पौधे पर जाते और कुछ समय के पश्चात उड जाते अपनी जिज्ञासा को शांत करने के लिए उस तराशे हुए पौधे के नजदीक जाने के लिए अपने आप को रोक न सकी और उस तक पहुंच गई वहां जाकर देखा तो कुछ नन्ही जानें अपनी आंखें खोलने के लिए प्रयासरत थी उस तराशे हुए पौधे पे बहुत सुंदर तरीके से तराश कर एक घोंसला तैयार किया था उन पंछियों के जोडे ने उनकी कलाकारी पर नतमस्तक हो गई हाथ पे मोबाइल था उनकी तस्वीरें लेने से अपने आप को रोक न सकी इन नन्हें मेहमानों के आने से....... 💕💕काश मेरा पोता मेरा साथी "आर्यमन " साथ होता तो वो इन नन्हें मेहमानों की तस्वीरें लेने में मेरी मदद करता और उनके दाने पानी का इंतजाम 😘
हमारे बगीचे की खूबसूरती में और इजाफा हुआ, जब चिडिय़ो के नावांगतुक मेहमान बच्चों का जन्म हुआ. सुरक्षित वातावरण,दाने-पानी की व्यवस्था व गर्मी के बड़ते पारे व अनुकूल परिस्थितियां मददगार हुई इस प्राकृतिक क्रिया में. मन हर्षित व प्रफुल्लित हुआ, घोंसले में चिडिय़ो के नन्हे बच्चे नजर आये.मेरा मधुबन नये मेहमानों के आने से गुलजार है उनके क्रियाकलापों से जहां मन को सुकून मिलता है वहीं लगता है मेरी मेहनत रंग ला रही है मेरे मधुबन में नये मेहमानों का स्वागत है उनके क्रियाकलापों से मन को सुकून मिलता है मेरा मधुबन इन बेजुबान पशु पक्षियों के कुछ तो काम आ रहा है 🌹🌹 आप भी दीदार कीजिये
शुक्रिया शुक्रिया शुक्रिया🙏🙏अपनी प्रतिक्रियाएं अवश्य दीजियेगा 🙏🙏